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Technical Kisanखेती, तकनीक के साथ
मेथीरबीखुली-परागितअपडेट किया गया 1 सितंबर 2026

Pusa Early Bunching

ICAR-IARI, नई दिल्ली से — तेज़ी से बढ़ने वाली, दोहरे-उद्देश्य किस्म, खड़ी टहनियों व मोटे बीज के साथ, सबसे कम-अवधि नामित मेथी किस्म, वहाँ लोकप्रिय जहाँ बाज़ार के लिए पत्ती-कटाई मुख्य लक्ष्य हो।

सीज़नरबी
पकने की अवधि100–125 दिन
अपेक्षित उपजमध्यम (पत्ती-केंद्रित)
उपयुक्त मिट्टीदोमट

ज़रूरी तथ्य

फसल
मेथी
प्रकार
खुली-परागित
सीज़न
रबी
पकने की अवधि
100–125 दिन
बीज दर
बीज फसल को 20–25 किग्रा/हेक्टेयर; घनी पत्ती फसल को अधिक, बुवाई से पहले 6–8 घंटे भिगोकर
अपेक्षित उपज
मध्यम (पत्ती-केंद्रित)
उपयुक्त मिट्टी
दोमट
जारी
ICAR-भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान (IARI), नई दिल्ली

इस किस्म के बारे में

पूसा अर्ली बंचिंग ICAR-भारतीय कृषि अनुसंधान संस्थान, नई दिल्ली द्वारा तेज़ी से बढ़ने वाली, दोहरे-उद्देश्य मेथी किस्म के रूप में विकसित की गई, खड़ी टहनियों व मोटे बीज के साथ, केवल 100 से 125 दिन में पकती है — इस साइट पर शामिल नामित किस्मों में सबसे कम अवधि। इसका खड़ा बढ़वार-रूप व तेज़ फसल-चक्र इसे बार-बार कटाई के साथ ताज़ी-पत्ती बाज़ार लक्षित करने वाले किसानों के लिए स्वाभाविक रूप से उपयुक्त बनाता है, हालाँकि किसी भी दोहरे-उद्देश्य मेथी की तरह, यदि उसी बुवाई से बीज भी चाहिए तो भारी पत्ती-कटाई अंतिम बीज-उपज की क़ीमत पर आती है।

मुख्य विशेषताएँ

    पौध प्रकारखुली-परागित
    अवधि100–125 दिन
    उपज क्षमतामध्यम (पत्ती-केंद्रित)
    रोग-प्रतिरोधख़ास दर्ज नहीं
    मिट्टीदोमट
    सीज़नरबी

बुवाई व खेती

  • बुवाई का समयअक्टूबर–नवंबर
  • बीज दरबीज फसल को 20–25 किग्रा/हेक्टेयर; घनी पत्ती फसल को अधिक, बुवाई से पहले 6–8 घंटे भिगोकर
  • दूरी~30 सेमी कतारों के बीच

मिट्टी व जलवायु

मिट्टी

उपयुक्त मिट्टी
अच्छी जल-निकासी वाली दोमट

उपज व अवधि

पकने की अवधि

100–125 दिन

अपेक्षित उपज

मध्यम (पत्ती-केंद्रित)

असली उपज बुवाई के समय, मिट्टी, सिंचाई, मौसम, बीज की गुणवत्ता व फ़सल प्रबंधन पर निर्भर करती है।

कीट व रोग संबंधी बातें

मुख्य रोग

  • ख़ास दर्ज नहीं

फ़ायदे व ध्यान रखने योग्य बातें

किसान इसे क्यों चुन सकते हैं

  • यहाँ किसी भी नामित मेथी किस्म से सबसे कम अवधि, पत्ती-बाज़ार फसल को सबसे तेज़ फसल-चक्र देती।
  • खड़ी टहनी-आदत व मोटा बीज इसे ताज़ी-पत्ती बिक्री के लिए गुच्छा बनाने में अच्छी तरह उपयुक्त बनाते हैं।

ध्यान रखने योग्य बातें

  • कोई विशेष रोग-रोधिता गुण दर्ज नहीं — किसी भी अरेटेड किस्म जैसी मानक जड़-सड़न-सावधानियाँ (अनुशंसित बीज-दर, हल्की सिंचाई, अच्छी जल-निकासी) इसके साथ भी बरतें।
  • यदि बीज-उपज पत्ती जितनी ही मायने रखती हो, पत्ती-कटाई हल्की रखें, क्योंकि यह किसी विशेष उच्च-बीज-उपज गुण के लिए नहीं विकसित की गई।

उपयुक्त क्षेत्र

जिन राज्यों के लिए यह किस्म सुझाई गई है — स्थानीय स्तर पर भी जाँच लें, क्योंकि एक राज्य में एक से ज़्यादा सुझाया क्षेत्र हो सकता है।

  • दिल्ली
  • उत्तर प्रदेश
  • पंजाब

स्रोत: Fenugreek: Cultivate these varieties — variety review. संपादकीय नीति.