HG 365
CCS हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय, हिसार की व्यापक इस्तेमाल की जाने वाली जल्दी पकने वाली ग्वार रिलीज़ — उन किस्मों में से एक जिन्होंने हरियाणा में ऊँची ग्वार उत्पादकता को आगे बढ़ाया।
ज़रूरी तथ्य
- प्रकार
- खुली-परागित
- सीज़न
- खरीफ़
- पकने की अवधि
- जल्दी पकने वाली (सटीक दिन-गिनती अलग दर्ज नहीं)
- बीज दर
- इसकी जल्दी पकने वाली, ज़्यादा-घनत्व-सूट बनावट के लिए 10–12 किग्रा/हेक्टेयर
- अपेक्षित उपज
- हरियाणा की एक ऊँची-उपज, कम-अवधि ग्वार किस्म के रूप में दर्ज; सटीक आँकड़ा अलग परिमाणित नहीं
- उपयुक्त मिट्टी
- शुष्क व अर्ध-शुष्क मिट्टी, सूखा-प्रवण ज़मीन सहित
- जारी
- CCS हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (HAU), हिसार — इस शोध-चरण में सटीक अधिसूचना-वर्ष पुष्ट नहीं हो सका
इस किस्म के बारे में
HG 365 CCS हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय (HAU), हिसार द्वारा विकसित एक जल्दी पकने वाली ग्वार किस्म है। कृषि-स्रोत इसे लगातार एक ऊँची-उपज, कम-अवधि रिलीज़ बताते, और इसे ख़ासतौर HG 563 के साथ उन दो हरियाणा किस्मों में से एक का श्रेय दिया जाता जिनके किसानों द्वारा व्यापक अपनाव ने राज्य-स्तरीय ग्वार उत्पादकता को ऊँचा उठाने में मदद की — केवल परीक्षण-केंद्र परिणाम के बजाय एक असली, दर्ज वास्तविक-दुनिया प्रभाव। इसे पुरानी स्थानीय ग्वार लाइनों की तुलना में बेहतर सूखा-सहनशीलता व रोग-प्रतिरोध रखने वाली भी बताया जाता, जो इसे हरियाणा, पंजाब व पड़ोसी राजस्थान के सूखे इलाक़ों के लिए एक उचित डिफ़ॉल्ट विकल्प बनाता जहाँ ग्वार उगाई जाती है।
मुख्य विशेषताएँ
बुवाई व खेती
- बुवाई का समयजून के अंत से जुलाई, मानसून के साथ
- बीज दरइसकी जल्दी पकने वाली, ज़्यादा-घनत्व-सूट बनावट के लिए 10–12 किग्रा/हेक्टेयर
- दूरीकतारों के बीच 45 सेमी, पौधों के बीच 20 सेमी
उपज व अवधि
पकने की अवधि
जल्दी पकने वाली (सटीक दिन-गिनती अलग दर्ज नहीं)
अपेक्षित उपज
हरियाणा की एक ऊँची-उपज, कम-अवधि ग्वार किस्म के रूप में दर्ज; सटीक आँकड़ा अलग परिमाणित नहीं
असली उपज बुवाई के समय, मिट्टी, सिंचाई, मौसम, बीज की गुणवत्ता व फ़सल प्रबंधन पर निर्भर करती है।
कीट व रोग संबंधी बातें
मुख्य रोग
- पुरानी स्थानीय लाइनों की तुलना में बेहतर सूखा-सहनशीलता व रोग-प्रतिरोध रिपोर्ट
फ़ायदे व ध्यान रखने योग्य बातें
किसान इसे क्यों चुन सकते हैं
- दर्ज वास्तविक-दुनिया प्रभाव — HG 365, HG 563 के साथ, ख़ासतौर व्यापक किसान-अपनाव के ज़रिए हरियाणा की समग्र ग्वार उत्पादकता ऊँची उठाने का श्रेय रखती, न कि केवल परीक्षण-केंद्र प्रदर्शन।
- जल्दी परिपक्वता व बेहतर सूखा-सहनशीलता की रिपोर्ट, इसे इसकी हरियाणा-पंजाब-राजस्थान खेती-पट्टी की अनियमित, सीमित-बारिश दशाओं के लिए अच्छी तरह उपयुक्त बनाती।
ध्यान रखने योग्य बातें
- सटीक उपज-प्रति-हेक्टेयर व दिन-में-अवधि आँकड़े उपलब्ध स्रोतों में स्वतंत्र रूप से परिमाणित नहीं थे — "जल्दी" व "ऊँची-उपज" को सटीक संख्याओं के बजाय असली, व्यापक रूप से रिपोर्ट किए गए वर्णनकर्ता मानें, व अपने KVK से स्थानीय आँकड़े पक्के करें।
उपयुक्त क्षेत्र
जिन राज्यों के लिए यह किस्म सुझाई गई है — स्थानीय स्तर पर भी जाँच लें, क्योंकि एक राज्य में एक से ज़्यादा सुझाया क्षेत्र हो सकता है।
- हरियाणा
- पंजाब
- राजस्थान
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या HG 365 ने वाक़ई हरियाणा में ग्वार उपज में फ़र्क़ डाला है?
हाँ, सच में — कृषि-स्रोत ख़ासतौर HG 365 को HG 563 के साथ व्यापक किसान-अपनाव के ज़रिए हरियाणा में ऊँची उत्पादकता लाने का श्रेय देते, जो किसी एक परीक्षण-केंद्र उपज-आँकड़े से ज़्यादा मज़बूत, वास्तविक-दुनिया संकेत है।
