Dwarf Blue Curled Scotch
पहाड़ व मैदानी खेती को भारतीय बाग़वानी विस्तार साहित्य में लंबे समय से अनुशंसित एक क्लासिक खुला-परागित घुँघराले-पत्ते वाला प्रकार।
ज़रूरी तथ्य
- प्रकार
- खुली-परागित
- सीज़न
- रबी
- पकने की अवधि
- 60–70 दिन
- बीज दर
- फसल जैसी ही आम तौर पर — नर्सरी को लगभग 400–450 ग्राम/हेक्टेयर
- अपेक्षित उपज
- मध्यम-उच्च
- उपयुक्त मिट्टी
- दोमट
- जारी
- भारतीय बाग़वानी विस्तार साहित्य में अनुशंसित एक लंबे समय से स्थापित खुला-परागित प्रकार, कोई औपचारिक ICAR रिलीज़ नहीं
इस किस्म के बारे में
डवार्फ़ ब्लू कर्ल्ड स्कॉच एक क्लासिक खुला-परागित घुँघराले-पत्ते वाला केल प्रकार है जो लंबे समय से भारतीय बाग़वानी विस्तार सिफ़ारिशों में डवार्फ़ ग्रीन कर्ल्ड व मॉस कर्ल्ड जैसे इसी तरह के नामित प्रकारों के साथ शामिल रहा है। इसका सघन, बौना स्वभाव व घनी घुँघराली, नीली-हरी पत्तियाँ पहाड़ व मैदानी खेती दोनों को सूट करतीं, और खुला-परागित होने के कारण, हाइब्रिड के विपरीत, एक अच्छी फसल से बीज बचाया जा सकता है, हर सीज़न ताज़ा ख़रीदने की ज़रूरत नहीं। यह इस पेज के किसी भी अन्य प्रकार जैसी ही बार-बार-कटाई पत्ती-कटाई को उगाई जाने वाली एक सामान्य-उद्देश्य घुँघराली केल है।
मुख्य विशेषताएँ
बुवाई व खेती
- बुवाई का समयमैदान व पहाड़ों में अगस्त-अक्टूबर; हिमाचल, कश्मीर व नीलगिरि में विशेष रूप से अगस्त-सितंबर
- बीज दरफसल जैसी ही आम तौर पर — नर्सरी को लगभग 400–450 ग्राम/हेक्टेयर
- दूरी45 × 30 सेमी
उपज व अवधि
पकने की अवधि
60–70 दिन
अपेक्षित उपज
मध्यम-उच्च
असली उपज बुवाई के समय, मिट्टी, सिंचाई, मौसम, बीज की गुणवत्ता व फ़सल प्रबंधन पर निर्भर करती है।
कीट व रोग संबंधी बातें
मुख्य रोग
- ख़ास दर्ज नहीं
फ़ायदे व ध्यान रखने योग्य बातें
किसान इसे क्यों चुन सकते हैं
- खुला-परागित, तो हाइब्रिड की तरह हर सीज़न ताज़ा ख़रीदने के बजाय बीज बचाकर दोबारा बोया जा सकता है।
- भारतीय बाग़वानी साहित्य में एक लंबे समय से अनुशंसित, अच्छी तरह समझा प्रकार जिसमें उगाने की आदत में कोई आश्चर्य नहीं।
ध्यान रखने योग्य बातें
- इस प्रकार के लिए विशेष रूप से कोई दर्ज रोग-प्रतिरोध आँकड़ा मौजूद नहीं, तो मानक कोल-फसल निगरानी व स्वच्छता अभ्यास पूरी तरह लागू रहता है।
- एक खुला-परागित प्रकार होने के कारण, खेत भर एकरूपता एक आधुनिक F1 हाइब्रिड से कुछ कम है।
उपयुक्त क्षेत्र
जिन राज्यों के लिए यह किस्म सुझाई गई है — स्थानीय स्तर पर भी जाँच लें, क्योंकि एक राज्य में एक से ज़्यादा सुझाया क्षेत्र हो सकता है।
- हिमाचल प्रदेश
- उत्तराखंड
- तमिलनाडु
स्रोत: Kale Cultivation; Farming Practices; Care; Harvesting — Agri Farming. संपादकीय नीति.
