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अरंडीखरीफ़खुली-परागितअपडेट किया गया 15 अगस्त 2026

Kranti

संकर के बजाय एक खुली-परागित किस्म, वर्षा-आधारित पट्टी और अंतरफ़सल के लिए बनाई गई — इसका बीज किसान बचाकर दोबारा बो सकता है। अभी इसके लिए अलग से शोध कर विस्तृत पेज नहीं बनाया गया है।

सीज़नखरीफ़
पकने की अवधि150–180 दिन (जल्दी, वर्षा-आधारित किस्म)
अपेक्षित उपजवर्षा-आधारित प्रबंधन में लगभग 10–14 क्विंटल/हेक्टेयर — संकरों से कम, पर बचाए जा सकने वाले बीज और कम इनपुट लागत से भरपाई
उपयुक्त मिट्टीबलुई / हल्की मिट्टी

ज़रूरी तथ्य

फसल
अरंडी
प्रकार
खुली-परागित
सीज़न
खरीफ़
पकने की अवधि
150–180 दिन (जल्दी, वर्षा-आधारित किस्म)
अपेक्षित उपज
वर्षा-आधारित प्रबंधन में लगभग 10–14 क्विंटल/हेक्टेयर — संकरों से कम, पर बचाए जा सकने वाले बीज और कम इनपुट लागत से भरपाई
उपयुक्त मिट्टी
बलुई / हल्की मिट्टी

इस किस्म के बारे में

क्रांति एक खुली-परागित अरंडी किस्म है, जिसे PCS-4 पदनाम के तहत भी पंजीकृत किया गया है, जो अन्य खुली-परागित वर्षा-आधारित किस्मों जैसे ज्वाला (48-1) व ज्योति (DCS-9) के साथ वर्षा-आधारित खेती के लिए अनुशंसित है — यह वाकई सीमित जानकारी वाली है: इस चरण में कई प्रयासों के बावजूद कोई सीधे फ़ेच किया प्राथमिक स्रोत (विकासकर्ता संस्थान, सटीक वंशावली, जारी-वर्ष) नहीं मिला। यहाँ दी गई जानकारी केवल पुष्ट वेबसर्च सारांशों पर आधारित है, स्वतंत्र रूप से पढ़े गए प्राथमिक दस्तावेज़ पर नहीं।

मुख्य विशेषताएँ

    पौध प्रकारखुली-परागित
    अवधि150–180 दिन (जल्दी, वर्षा-आधारित किस्म)
    उपज क्षमतावर्षा-आधारित प्रबंधन में लगभग 10–14 क्विंटल/हेक्टेयर — संकरों से कम, पर बचाए जा सकने वाले बीज और कम इनपुट लागत से भरपाई
    रोग-प्रतिरोधकोई विशेष निर्मित प्रतिरोध नहीं — लगातार फसल वाले खेतों पर उकठा और जड़-सड़न के प्रति सामान्य
    मिट्टीबलुई / हल्की मिट्टी
    सीज़नखरीफ़

उपज व अवधि

पकने की अवधि

150–180 दिन (जल्दी, वर्षा-आधारित किस्म)

अपेक्षित उपज

वर्षा-आधारित प्रबंधन में लगभग 10–14 क्विंटल/हेक्टेयर — संकरों से कम, पर बचाए जा सकने वाले बीज और कम इनपुट लागत से भरपाई

असली उपज बुवाई के समय, मिट्टी, सिंचाई, मौसम, बीज की गुणवत्ता व फ़सल प्रबंधन पर निर्भर करती है।

कीट व रोग संबंधी बातें

फ़ायदे व ध्यान रखने योग्य बातें

ध्यान रखने योग्य बातें

  • वाक़ई सीमित जानकारी वाला रिकॉर्ड, पूसा 1201 जैसी किस्मों के पहले-चरण मिसाल से मेल खाता — इस चरण में कई लक्षित खोजों के बावजूद किसी उपलब्ध प्राथमिक स्रोत ने क्रांति का विकासकर्ता संस्थान, सटीक वंशावली या जारी-वर्ष नहीं दिया। इस रिकॉर्ड के अपने शीर्ष-स्तरीय फ़ील्ड (वर्षा-आधारित उपज, कोई निर्मित रोग-प्रतिरोध नहीं, राजस्थान/गुजरात राज्य) का किसी भी मिली जानकारी से खंडन नहीं हुआ, बस स्वतंत्र रूप से सुधार नहीं हुआ

उपयुक्त क्षेत्र

जिन राज्यों के लिए यह किस्म सुझाई गई है — स्थानीय स्तर पर भी जाँच लें, क्योंकि एक राज्य में एक से ज़्यादा सुझाया क्षेत्र हो सकता है।

  • राजस्थान
  • गुजरात

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

क्या क्रांति अरंडी एक हाइब्रिड है या खुली-परागित किस्म?

खुली-परागित — इस रजिस्ट्री की GCH/GNCH/DCH हाइब्रिड के विपरीत, इसका बीज किसान बचाकर दोबारा बो सकता है।

क्रांति अरंडी को और किस नाम से जाना जाता है?

इसे PCS-4 पदनाम के तहत भी पंजीकृत किया गया है, पुष्ट द्वितीयक स्रोतों के अनुसार।

क्रांति किन अन्य अरंडी किस्मों के साथ समूहीकृत है?

पुष्ट द्वितीयक स्रोत इसे ज्वाला (48-1) व ज्योति (DCS-9) जैसी अन्य खुली-परागित वर्षा-आधारित किस्मों के साथ सूचीबद्ध करते हैं।

क्रांति अरंडी की वंशावली व जारी-वर्ष क्या है?

नहीं मिला — इस चरण में कई प्रयासों के बावजूद कोई उपलब्ध प्राथमिक स्रोत यह नहीं बताता। जब तक प्राथमिक स्रोत न मिले, इसे खुला प्रश्न मानें।

हाइब्रिड अरंडी किस्म की बजाय क्रांति क्यों चुनें?

इस रिकॉर्ड के अपने फ़ील्ड के अनुसार, यह हाइब्रिड से कम उपज देती है पर बचाए जा सकने वाले बीज व कम इनपुट लागत से भरपाई करती है, वर्षा-आधारित पट्टी में जहाँ हर सीज़न हाइब्रिड बीज की लागत उचित ठहराना कठिन है।