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Technical Kisanखेती, तकनीक के साथ
पेठा (कुम्हड़ा)सभी सीज़नखुली-परागितअपडेट किया गया 6 सितंबर 2026

CO 1

तमिलनाडु के एक स्थानीय प्रकार से तमिलनाडु कृषि विश्वविद्यालय का एक चयन। बड़ा, लंबा-अंडाकार, राख-लेपित फल औसतन लगभग 6–7 किग्रा, अच्छी पकाने-गुणवत्ता व लंबी फ़सल-अवधि के साथ।

सीज़नसभी सीज़न
पकने की अवधिपूरे पकाव को ~140–150 दिन
अपेक्षित उपज20–25 टन/हेक्टेयर
उपयुक्त मिट्टीदोमट

ज़रूरी तथ्य

प्रकार
खुली-परागित
सीज़न
सभी सीज़न
पकने की अवधि
पूरे पकाव को ~140–150 दिन
बीज दर
किस्मों (खुली-परागित) को 2.5 किग्रा/हेक्टेयर; हर टीले 2 बीज डिबल
अपेक्षित उपज
20–25 टन/हेक्टेयर
उपयुक्त मिट्टी
दोमट
जारी
तमिलनाडु कृषि विश्वविद्यालय (TNAU) द्वारा जारी, 1971

इस किस्म के बारे में

CO 1 तमिलनाडु कृषि विश्वविद्यालय (TNAU) द्वारा 1971 में जारी एक पेठा किस्म है, तमिलनाडु के एक स्थानीय प्रकार से चयनित। यह बड़ा, लंबा-अंडाकार फल देती — कुछ रिकॉर्ड्स अनुसार आमतौर पर 8–10 किग्रा, प्रबंधन अनुसार अन्य के अनुसार औसतन लगभग 6–7 किग्रा — फल पूरे पकाव के क़रीब आते विकसित होने वाली विशिष्ट राखी, मोमी परत के साथ, जो इसे उत्कृष्ट पकाने-गुणवत्ता व लंबा भंडारण-जीवन देती है। इसकी लगभग 140–150 दिन की फ़सल-अवधि पेठे के अपने ही मानकों से भी लंबी है, और पूरा पकाव ठीक वही समय है जब इस किस्म की मोम परत व छिलका-कड़ाई भंडारण या पेठा-निर्माण को सबसे अच्छी विकसित होतीं।

मुख्य विशेषताएँ

    पौध प्रकारखुली-परागित
    अवधिपूरे पकाव को ~140–150 दिन
    उपज क्षमता20–25 टन/हेक्टेयर
    रोग-प्रतिरोधकोई विशेष प्रतिरोध व्यापक रूप से प्रलेखित नहीं
    मिट्टीदोमट
    सीज़नसभी सीज़न

बुवाई व खेती

  • बीज दरकिस्मों (खुली-परागित) को 2.5 किग्रा/हेक्टेयर; हर टीले 2 बीज डिबल
  • दूरीगड्ढे 2 × 1.5 मी

उपज व अवधि

पकने की अवधि

पूरे पकाव को ~140–150 दिन

अपेक्षित उपज

20–25 टन/हेक्टेयर

असली उपज बुवाई के समय, मिट्टी, सिंचाई, मौसम, बीज की गुणवत्ता व फ़सल प्रबंधन पर निर्भर करती है।

कीट व रोग संबंधी बातें

मुख्य रोग

  • कोई विशेष प्रतिरोध व्यापक रूप से प्रलेखित नहीं

फ़ायदे व ध्यान रखने योग्य बातें

किसान इसे क्यों चुन सकते हैं

  • बड़ा फल-आकार (औसतन 6–7 किग्रा) ताज़ा-बाज़ार व प्रसंस्करण इस्तेमाल दोनों को सूट करता।
  • तमिलनाडु परिस्थितियों को एक लंबे समय से स्थापित, अच्छी-सिद्ध मानक किस्म।

ध्यान रखने योग्य बातें

  • एक लंबी फ़सल-अवधि (140–150 दिन) CO 2 जैसी कुछ अन्य किस्मों से ज़्यादा देर ज़मीन बाँधती है।

उपयुक्त क्षेत्र

जिन राज्यों के लिए यह किस्म सुझाई गई है — स्थानीय स्तर पर भी जाँच लें, क्योंकि एक राज्य में एक से ज़्यादा सुझाया क्षेत्र हो सकता है।

  • तमिलनाडु