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राजमाखरीफ़खुली-परागितअपडेट किया गया 13 अगस्त 2026

VL Rajma 125

आईसीएआर-वीपीकेएएस अल्मोड़ा से 2007 में उत्तराखंड की पहाड़ियों के लिए जारी — इसका चार-रोग प्रतिरोध पैकेज किसी पहाड़ी दलहन के लिए असामान्य रूप से व्यापक है, और इसकी छोटी 82–85 दिन की अवधि पहाड़ी खरीफ़ के छोटे मौसम में फ़िट बैठती है।

सीज़नखरीफ़
पकने की अवधि82–85 दिन
अपेक्षित उपज14–15 क्विंटल/हेक्टेयर
उपयुक्त मिट्टीदोमट

ज़रूरी तथ्य

फसल
राजमा
प्रकार
खुली-परागित
सीज़न
खरीफ़
पकने की अवधि
82–85 दिन
बीज दर
पहाड़ी राजमा के लिए सामान्य सलाह लगभग 100–125 किलो/हेक्टेयर (या शुरुआती/समय पर बुवाई किस्मों के लिए क़रीब 30–35 किलो/एकड़) बताती है — यह वीएल राजमा 125 के लिए पुष्ट आँकड़ा नहीं है
अपेक्षित उपज
14–15 क्विंटल/हेक्टेयर
उपयुक्त मिट्टी
दोमट
जारी
2007 में जारी · आईसीएआर-वीपीकेएएस, अल्मोड़ा — उत्तराखंड की पहाड़ियों में समय पर बुवाई के लिए

इस किस्म के बारे में

वीएल राजमा 125 को 2007 में आईसीएआर-वीपीकेएएस, अल्मोड़ा ने उत्तराखंड की पहाड़ियों में समय पर बुवाई के लिए जारी किया। यह एक मोटे दाने वाली राजमा किस्म है, जिसमें प्रति फली 4–5 दाने व 100-दाना वज़न लगभग 41.38 ग्राम दर्ज है — साथ ही इस रिकॉर्ड में पहले से दर्ज चार-रोग प्रतिरोध पैकेज (जड़ सड़न, एन्थ्रेक्नोज़, कोणीय पत्ती धब्बा व रतुआ) के साथ बनाई गई।

मुख्य विशेषताएँ

    पौध प्रकारखुली-परागित
    अवधि82–85 दिन
    उपज क्षमता14–15 क्विंटल/हेक्टेयर
    रोग-प्रतिरोधजड़ सड़न, एन्थ्रेक्नोज़, कोणीय पत्ती धब्बा व रतुआ के प्रति प्रतिरोधी
    मिट्टीदोमट
    सीज़नखरीफ़

बुवाई व खेती

  • बुवाई का समययह रिकॉर्ड वीएल राजमा 125 को खरीफ़-मौसम किस्म के रूप में दर्ज करता है; सामान्य पहाड़ी राजमा सलाह खरीफ़ पहाड़ी बुवाई मई–जून के आसपास बताती है, अन्य बुवाई श्रेणियों के लिए अलग वसंत खिड़की (फ़रवरी–मार्च) भी है
  • बीज दरपहाड़ी राजमा के लिए सामान्य सलाह लगभग 100–125 किलो/हेक्टेयर (या शुरुआती/समय पर बुवाई किस्मों के लिए क़रीब 30–35 किलो/एकड़) बताती है — यह वीएल राजमा 125 के लिए पुष्ट आँकड़ा नहीं है
  • दूरीसामान्य पहाड़ी राजमा सलाह पंक्ति दूरी लगभग 45–60 सेमी व पौध-से-पौध 10–15 सेमी बताती है — यह एक सामान्य आँकड़ा है, वीएल राजमा 125 के लिए पुष्ट नहीं
  • सिंचाईपहाड़ी राजमा के लिए सामान्य सलाह मौसम भर लगभग 6–7 सिंचाइयाँ बताती है, ख़ासकर फूल व फली विकास के समय
  • उर्वरकसामान्य पहाड़ी राजमा सलाह लगभग 40 किलो नाइट्रोजन व 25 किलो फ़ॉस्फ़ोरस प्रति एकड़ (लगभग 100 किलो नाइट्रोजन, 62 किलो पी₂ओ₅ प्रति हेक्टेयर) बताती है — यह भी एक सामान्य आँकड़ा है, किस्म-विशिष्ट नहीं

मिट्टी व जलवायु

मिट्टी

उपयुक्त मिट्टी
अच्छी जल निकासी वाली दोमट मिट्टी
pH
Around pH 5.5–6, per general hill kidney-bean guidance

उपज व अवधि

पकने की अवधि

82–85 दिन

अपेक्षित उपज

14–15 क्विंटल/हेक्टेयर

असली उपज बुवाई के समय, मिट्टी, सिंचाई, मौसम, बीज की गुणवत्ता व फ़सल प्रबंधन पर निर्भर करती है।

कीट व रोग संबंधी बातें

फ़ायदे व ध्यान रखने योग्य बातें

किसान इसे क्यों चुन सकते हैं

  • मोटे दाने वाली — 100 दानों का वज़न लगभग 41.38 ग्राम, प्रति फली 4–5 दाने
  • व्यापक प्रतिरोध पैकेज (जड़ सड़न, एन्थ्रेक्नोज़, कोणीय पत्ती धब्बा व रतुआ), किसी पहाड़ी दलहन के लिए असामान्य रूप से व्यापक
  • छोटी 82–85 दिन की अवधि पहाड़ी खरीफ़ के संकुचित मौसम में फ़िट बैठती है

ध्यान रखने योग्य बातें

  • वीएल राजमा 125 के लिए सटीक बीज दर/दूरी/बुवाई-खिड़की आँकड़ों की पुष्टि करने वाला कोई उपलब्ध आईसीएआर/वीपीकेएएस प्राथमिक स्रोत नहीं मिला — ऊपर दिए गए कृषि आँकड़े पंजाब पहाड़ी विस्तार स्रोत की सामान्य पहाड़ी राजमा सलाह हैं, इन्हें किस्म-विशिष्ट मानने की बजाय सावधानी से लागू किया गया है

उपयुक्त क्षेत्र

जिन राज्यों के लिए यह किस्म सुझाई गई है — स्थानीय स्तर पर भी जाँच लें, क्योंकि एक राज्य में एक से ज़्यादा सुझाया क्षेत्र हो सकता है।

  • उत्तराखंड
  • हिमाचल प्रदेश
  • जम्मू और कश्मीर

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

क्या वीएल राजमा 125 मोटे दाने वाली या छोटे दाने वाली किस्म है?

मोटे दाने वाली — पंजाब के एक कृषि-विस्तार गाइड में इसका 100-दाना वज़न क़रीब 41.38 ग्राम व प्रति फली 4–5 दाने दर्ज है, जो राजमा के लिए काफ़ी भारी दाना है।

स्रोत: Kidney Bean Farming Guide Punjab — Apni Kheti. संपादकीय नीति.