रैथा विद्यानिधि छात्रवृत्ति योजना
11वीं से PhD तक पढ़ने वाले किसान के बच्चे को ₹2,500 से ₹11,000 सालाना, बेटियों के लिए ज़्यादा राशि।
संचालक: कृषि विभाग (रैथा मित्र), कर्नाटक सरकार
- छात्रवृत्ति सीमा
- ₹2,500–₹11,000/वर्ष
- कवरेज
- 11वीं से PhD तक
- छात्राएँ
- ज़्यादा छात्रवृत्ति दर
- आवेदन
- रैथा मित्र पोर्टल पर
- शुरुआत
- 7 अगस्त 2021, ₹1,000cr बजट
- यह भी कवर
- बुनकर व मछुआरा परिवारों के बच्चे
परिचय
रैथा विद्यानिधि का मक़सद किसान के बच्चों को महँगे बाद के वर्षों — पूर्व-विश्वविद्यालय, डिग्री, व्यावसायिक व स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम — में पढ़ाई में बनाए रखना है, जहाँ आर्थिक दबाव वाले किसान परिवार में पढ़ाई छूटने का ख़तरा सबसे ज़्यादा होता है।
राशि पढ़ाई के स्तर के साथ बढ़ती है, और बेटियों को हर स्तर पर ज़्यादा छात्रवृत्ति मिलती है ताकि उनकी पढ़ाई ख़ासतौर पर जारी रहे। मोटे तौर पर: कक्षा 8-10 में बेटियों को ₹2,500/वर्ष, कक्षा 11-12 (PU) में ₹3,500/वर्ष, ITI या डिप्लोमा में ₹5,000/वर्ष, सामान्य डिग्री (BA/BCom/BSc) में ₹7,500/वर्ष, और व्यावसायिक व स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम (इंजीनियरिंग, मेडिसिन, लॉ, MBA, PhD) में ₹11,000/वर्ष।
यह योजना 7 अगस्त 2021 को मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने अपनी पहली कैबिनेट बैठक में ₹1,000 करोड़ के बजट के साथ शुरू की थी। 11 अप्रैल 2022 को इसे बुनकर व मछुआरा परिवारों के बच्चों तक भी बढ़ाया गया — सिर्फ़ किसान नहीं — मछुआरों के बच्चों के लिए समाज कल्याण विभाग से छात्रावास सहायता भी जोड़ी गई, और अलग से बेटियों की कक्षा 8 व 9 तक भी बढ़ाया गया ताकि पढ़ाई छूटने के ज़्यादा जोखिम वाले शुरुआती चरण में भी सहारा मिले।
आपको क्या मिलता है
लाभ वैसा ही, जैसा राज्य ने अधिसूचित किया है — यहाँ कुछ भी अनुमान नहीं है।
- पाठ्यक्रम स्तर के अनुसार पूर्व-विश्वविद्यालय से PhD तक ₹2,500 से ₹11,000 सालाना।
- हर स्तर पर छात्राओं के लिए ज़्यादा छात्रवृत्ति राशि, कक्षा 8-10 के लिए बेटियों की अलग श्रेणी सहित।
- सिर्फ़ स्कूल नहीं, सामान्य, व्यावसायिक व स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम भी कवर।
- अन्य किसान लाभों जैसे ही रैथा मित्र पोर्टल पर ऑनलाइन आवेदन।
- बुनकर व मछुआरा परिवारों के बच्चों तक भी बढ़ाई गई, मछुआरों के बच्चों के लिए छात्रावास सहायता सहित।
कौन पात्र है
राज्य योजनाएँ अपने मानदंड आमतौर पर सूची में नहीं, विवरण में लिखती हैं। यह वही विवरण खोलकर रखा गया है — अंतिम फ़ैसला विभाग के सत्यापन का होता है।
आप पात्र हैं अगर
- आवेदक कर्नाटक के किसान डेटाबेस (FID) में पंजीकृत किसान का पुत्र/पुत्री हो
- फ़िलहाल 11वीं, पूर्व-विश्वविद्यालय, डिग्री, व्यावसायिक या स्नातकोत्तर/PhD पाठ्यक्रम में नामांकित
- परिवार की किसान स्थिति व भूमि रिकॉर्ड FID/FRUITS सिस्टम में सत्यापित
शामिल नहीं
- जिनके माता-पिता FID डेटाबेस में पंजीकृत किसान नहीं हैं
ज़रूरी दस्तावेज़
शुरू करने से पहले ये तैयार रखें — ज़्यादातर आवेदन हक़ न होने से नहीं, कोई काग़ज़ छूट जाने से रद्द होते हैं।
- छात्र व माता-पिता का आधार कार्ड
- माता-पिता का FID (किसान आईडी)
- मौजूदा कॉलेज/संस्थान प्रवेश या बोनाफाइड प्रमाण पत्र
- छात्र की बैंक पासबुक
आवेदन कैसे करें
केंद्रीय योजना से कम कदम, और आमतौर पर पोर्टल नहीं, एक कार्यालय।
- 1
माता-पिता का FID पंजीकरण सुनिश्चित करें
पक्का करें कि किसान माता-पिता कर्नाटक किसान डेटाबेस में वैध FID से पंजीकृत हों।
- 2
रैथा मित्र पोर्टल पर आवेदन करें
छात्र के प्रवेश प्रमाण व बैंक विवरण के साथ ऑनलाइन छात्रवृत्ति आवेदन जमा करें।
- 3
सत्यापन और वितरण
नामांकन व किसान स्थिति सत्यापित होने के बाद छात्रवृत्ति छात्र के बैंक खाते में जमा होती है।
अगर कुछ गड़बड़ हो
नाम सूची में न हो, या भुगतान अटका हो — विभाग ने ख़ुद जो रास्ता बताया है, वह यहाँ है।
- FID सत्यापन या छात्रवृत्ति वितरण में देरी की शिकायत पहले स्थानीय रैथा संपर्क केंद्र (RSK) पर करें।
- समाधान न होने पर जनस्पंदन (iPGRS) — कर्नाटक की सामान्य लोक-शिकायत व्यवस्था — के टोल-फ्री हेल्पलाइन 1902 पर, ipgrs.karnataka.gov.in पोर्टल पर, या किसी बापूजी सेवा केंद्र पर आगे बढ़ाएँ।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या यह सिर्फ़ कृषि से जुड़े पाठ्यक्रमों के लिए है?
नहीं, इसमें सामान्य, व्यावसायिक व स्नातकोत्तर शिक्षा भी शामिल है, सिर्फ़ कृषि-संबंधी पढ़ाई नहीं।
क्या छात्राओं को ज़्यादा मिलता है?
हाँ, पढ़ाई जारी रखने को प्रोत्साहित करने के लिए हर पाठ्यक्रम स्तर पर छात्राओं की छात्रवृत्ति राशि ज़्यादा है, जिसमें कक्षा 8-10 के लिए बेटियों की अलग श्रेणी भी शामिल है।
अगर मेरे माता-पिता का अभी FID नहीं बना है तो?
पहले स्थानीय रैथा संपर्क केंद्र पर FID पंजीकरण कराएँ — यह छात्रवृत्ति इसी मूल रिकॉर्ड को जाँचती है।
क्या यह सिर्फ़ किसान के बच्चों के लिए है, या दूसरे पेशों के लिए भी?
अगस्त 2021 में शुरुआत में यह सिर्फ़ किसान परिवारों के लिए थी, पर अप्रैल 2022 में इसे बुनकर व मछुआरा परिवारों के बच्चों तक भी बढ़ाया गया, मछुआरों के बच्चों के लिए छात्रावास सहायता भी जोड़ी गई।
हर स्तर पर असल राशि कितनी है?
मोटे तौर पर: कक्षा 8-10 में बेटियों को ₹2,500/वर्ष, कक्षा 11-12 (PU) में ₹3,500/वर्ष, ITI या डिप्लोमा में ₹5,000/वर्ष, सामान्य डिग्री में ₹7,500/वर्ष, और इंजीनियरिंग, मेडिसिन, लॉ, MBA या PhD जैसे व्यावसायिक/स्नातकोत्तर पाठ्यक्रम में ₹11,000/वर्ष। मौजूदा वर्ष की दर रैथा मित्र पोर्टल पर जाँच लें, क्योंकि राशि संशोधित हो सकती है।
तथ्य 8 सितंबर 2026 को raitamitra.karnataka.gov.in से जाँचे गए। संपादकीय नीति.
