Sree Rashmi
CTCRI की एक किस्म, अपने ग़ैर-कसैले कंद व अच्छी पकाने की गुणवत्ता-स्वाद के लिए मूल्यवान, और अपेक्षाकृत कम इनपुट स्तरों पर अच्छा करने के लिए — जहाँ कसैलापन बाज़ार-शिकायत रही हो वहाँ अच्छा चुनाव।
ज़रूरी तथ्य
- प्रकार
- कॉर्म / कॉर्मेल (वानस्पतिक)
- सीज़न
- खरीफ़
- पकने की अवधि
- 210–240 दिन
- अपेक्षित उपज
- 15–20 टन/हेक्टेयर
- उपयुक्त मिट्टी
- दोमट
- जारी
- ICAR-केंद्रीय कन्द फसल अनुसंधान संस्थान (CTCRI), तिरुवनंतपुरम द्वारा जारी
इस किस्म के बारे में
श्री रश्मि ICAR-केंद्रीय कन्द फसल अनुसंधान संस्थान (CTCRI), तिरुवनंतपुरम द्वारा जारी एक टैरो (Colocasia esculenta) किस्म है। यह एक लंबा पौधा (100–150 सेमी) बनती व अपेक्षाकृत लंबी 210–240 दिन में पकती, कंद में लगभग 15% स्टार्च व 2.5% प्रोटीन के साथ 15–20 टन/हेक्टेयर उपज देती। इसकी तय-पहचान गति के बजाय गुणवत्ता है: कंद ग़ैर-कसैला व अच्छी पकाने की गुणवत्ता-स्वाद के साथ दर्ज है, जो इसे उस जगह एक ठोस चुनाव बनाता जहाँ एक तेज़ कसैला स्थानीय प्रकार बार-बार बाज़ार या घरेलू शिकायत रहा हो। CTCRI यह भी नोट करता है कि यह अपेक्षाकृत कम इनपुट स्तरों पर भी अच्छा करती, जो उस छोटे किसान को सूट करता जो उर्वरक व सिंचाई में भारी निवेश नहीं कर सकता।
मुख्य विशेषताएँ
बुवाई व खेती
- दूरीमेड़ें/कतारें 45–60 सेमी दूर, कतार में कॉर्मेल 30–45 सेमी दूर
उपज व अवधि
पकने की अवधि
210–240 दिन
अपेक्षित उपज
15–20 टन/हेक्टेयर
असली उपज बुवाई के समय, मिट्टी, सिंचाई, मौसम, बीज की गुणवत्ता व फ़सल प्रबंधन पर निर्भर करती है।
कीट व रोग संबंधी बातें
मुख्य रोग
- कोई विशेष प्रतिरोध दावा नहीं
फ़ायदे व ध्यान रखने योग्य बातें
किसान इसे क्यों चुन सकते हैं
- दर्ज ग़ैर-कसैला कंद अच्छी पकाने की गुणवत्ता के साथ — कसैलेपन की शिकायत का सीधा जवाब जो टैरो की बाज़ार-स्वीकृति सीमित करती है
- अपेक्षाकृत कम इनपुट स्तरों पर ठीक-ठाक करती, सीमित उर्वरक व सिंचाई बजट वाले छोटे किसान को उपयोगी
ध्यान रखने योग्य बातें
- यहाँ अनुशंसित किस्मों में सबसे लंबी अवधि (210–240 दिन) — श्री हीरा या पंजाब अरवी-1 से ज़्यादा देर ज़मीन घेरती
- कोई विशेष पत्ती-झुलसा या मोज़ेक प्रतिरोध दावा नहीं — एक मानक किस्म की तरह रोग की निगरानी व प्रबंधन करें
उपयुक्त क्षेत्र
जिन राज्यों के लिए यह किस्म सुझाई गई है — स्थानीय स्तर पर भी जाँच लें, क्योंकि एक राज्य में एक से ज़्यादा सुझाया क्षेत्र हो सकता है।
- केरल
