Baramasi
पश्चिम बंगाल, बिहार व उत्तर प्रदेश में लोकप्रिय एक पारंपरिक किस्म मध्यम आकार, गोल फल के साथ; नाम ("सभी-मौसम") साल भर कुछ अन्य किस्मों से ज़्यादा लगातार फूलने व फलने की प्रवृत्ति दर्शाता है।
ज़रूरी तथ्य
- फसल
- चीकू (सपोटा)
- प्रकार
- कलम-लगी किस्म (खिरनी रूटस्टॉक पर)
- सीज़न
- सभी सीज़न
- पकने की अवधि
- पहला फलन ~3–4 साल (कलम)
- अपेक्षित उपज
- पूर्ण फलन पर 90–130 किग्रा/पेड़/वर्ष
- उपयुक्त मिट्टी
- दोमट
इस किस्म के बारे में
बारामासी पश्चिम बंगाल, बिहार व उत्तर प्रदेश भर लोकप्रिय एक पारंपरिक चीकू किस्म है, मध्यम आकार, गोल फल देती। इसका नाम, लगभग "सभी-मौसम" का मतलब, कुछ अन्य किस्मों के दिखाए ज़्यादा केंद्रित दौरों के बजाय साल भर ज़्यादा लगातार फूलने व फलने की प्रवृत्ति दर्शाता है, किसानों को एक ज़्यादा फैली कटाई व स्थानीय बिक्री को फल की एक-दो बड़ी चोटियों के बजाय एक स्थिर धारा देती है।
मुख्य विशेषताएँ
उपज व अवधि
पकने की अवधि
पहला फलन ~3–4 साल (कलम)
अपेक्षित उपज
पूर्ण फलन पर 90–130 किग्रा/पेड़/वर्ष
असली उपज बुवाई के समय, मिट्टी, सिंचाई, मौसम, बीज की गुणवत्ता व फ़सल प्रबंधन पर निर्भर करती है।
कीट व रोग संबंधी बातें
मुख्य रोग
- कोई विशेष प्रतिरोध दावा नहीं
फ़ायदे व ध्यान रखने योग्य बातें
किसान इसे क्यों चुन सकते हैं
- ज़्यादातर अन्य किस्मों से साल भर ज़्यादा लगातार फूल व फलन
- फल की केंद्रित चोटियों के बजाय एक ज़्यादा स्थिर, फैली कटाई
- पूर्वी व उत्तरी मैदानी उगाई क्षेत्रों में अच्छी स्थापित
ध्यान रखने योग्य बातें
- कालीपत्ती की शेल्फ़-लाइफ़ या CO-3 की मिठास जैसा कोई उभरता गुण नहीं
- कोई विशेष रोग प्रतिरोध दावा नहीं
उपयुक्त क्षेत्र
जिन राज्यों के लिए यह किस्म सुझाई गई है — स्थानीय स्तर पर भी जाँच लें, क्योंकि एक राज्य में एक से ज़्यादा सुझाया क्षेत्र हो सकता है।
- पश्चिम बंगाल
- बिहार
- उत्तर प्रदेश
