उत्तराखंड गौ पालन योजना
₹60,000 की पशु इकाई पर SC/ST को 90% और सामान्य वर्ग को 60% अनुदान, अब गाय और भैंस दोनों शामिल।
संचालक: पशुपालन विभाग, उत्तराखंड सरकार
- यूनिट लागत
- ₹60,000 (पहले ₹40,000)
- SC/ST अनुदान
- 90% — ₹54,000
- सामान्य वर्ग अनुदान
- 60% — ₹36,000
- लक्षित लाभार्थी
- 2,128 किसान, लगभग ₹978.12 लाख
परिचय
गौ पालन योजना उत्तराखंड के ग्रामीण परिवारों को आमदनी के लिए पशुपालन शुरू करने में मदद करती है। कुछ समय पहले तक यह सिर्फ़ अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के परिवारों के लिए थी। 7 अगस्त 2026 को राज्य मंत्रिमंडल ने इसे सामान्य वर्ग के लिए भी खोल दिया (ईटीवी भारत)।
उसी फ़ैसले में यूनिट की लागत ₹40,000 से बढ़ाकर ₹60,000 की गई। SC/ST लाभार्थी को 90% अनुदान यानी ₹54,000 मिलता है और वह ₹6,000 खुद देता है। सामान्य वर्ग को 60% यानी ₹36,000 अनुदान मिलता है और ₹24,000 खुद देने होते हैं। योजना में अब गाय के साथ भैंस भी शामिल है।
राज्य को 2,128 किसानों को लाभ मिलने की उम्मीद है, जिस पर सरकार का खर्च लगभग ₹978.12 लाख आएगा। उद्देश्य बताए गए हैं: ग्रामीण उद्यमिता को बढ़ावा, खेती की आमदनी बढ़ाना, स्वरोज़गार को प्रोत्साहन और पशु-खाद से मिट्टी की उर्वरता सुधारना। घोषणा में इसे पहाड़ी गाँवों से पलायन की समस्या से भी जोड़ा गया है।
मंत्रिमंडल के फ़ैसले में सामान्य वर्ग वाले चरण का आवेदन फॉर्म और पूरे पात्रता नियम नहीं बताए गए। ये आम तौर पर विभाग के दिशा-निर्देश और आदेशों में आते हैं, इसलिए आवेदन से पहले अपने ज़िला कार्यालय से पूछ लें।
आपको क्या मिलता है
लाभ वैसा ही, जैसा राज्य ने अधिसूचित किया है — यहाँ कुछ भी अनुमान नहीं है।
- SC/ST: ₹60,000 की यूनिट पर 90% अनुदान, ₹54,000 — आप सिर्फ़ ₹6,000 देते हैं।
- सामान्य वर्ग: ₹60,000 की यूनिट पर 60% अनुदान, ₹36,000 — आप ₹24,000 देते हैं।
- गाय और भैंस दोनों शामिल।
- दूध से अतिरिक्त आमदनी और खाद से मिट्टी की बेहतर उर्वरता।
कौन पात्र है
राज्य योजनाएँ अपने मानदंड आमतौर पर सूची में नहीं, विवरण में लिखती हैं। यह वही विवरण खोलकर रखा गया है — अंतिम फ़ैसला विभाग के सत्यापन का होता है।
आप पात्र हैं अगर
- उत्तराखंड का निवासी जो आमदनी के लिए पशुपालन कर रहा हो या करना चाहता हो
- अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और — अगस्त 2026 के फ़ैसले के बाद — सामान्य वर्ग के परिवार
- अंतिम पात्रता शर्तें, जैसे ज़मीन या शेड की ज़रूरत, विभाग के दिशा-निर्देशों में आती हैं
ज़रूरी दस्तावेज़
शुरू करने से पहले ये तैयार रखें — ज़्यादातर आवेदन हक़ न होने से नहीं, कोई काग़ज़ छूट जाने से रद्द होते हैं।
- आधार कार्ड
- उत्तराखंड का स्थायी निवास प्रमाण पत्र
- जाति प्रमाण पत्र (SC/ST आवेदक, 90% दर के लिए)
- बैंक पासबुक
आवेदन कैसे करें
केंद्रीय योजना से कम कदम, और आमतौर पर पोर्टल नहीं, एक कार्यालय।
- 1
ज़िले के पशुपालन कार्यालय से पूछें
ज़िला मुख्य पशु चिकित्साधिकारी (CVO) से मिलकर पूछें कि सामान्य वर्ग का आवेदन चालू है या नहीं और फॉर्म कौन-सा है।
- 2
कागज़ात जुटाएँ
आधार, निवास प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र (SC/ST हों तो) और बैंक विवरण तैयार रखें।
- 3
विभाग के बताए अनुसार आवेदन करें
फॉर्म पशु चिकित्सा कार्यालय में या विभाग के बताए पोर्टल पर जमा करें। मंत्रिमंडल की सूचना में किसी पोर्टल का नाम नहीं था।
- 4
पशु खरीदें और अपना हिस्सा दें
मंज़ूरी के बाद अपना 10% (SC/ST) या 40% (सामान्य) हिस्सा दें। विभाग के आदेश के अनुसार ही खरीदें और बिल सँभालकर रखें।
अगर कुछ गड़बड़ हो
नाम सूची में न हो, या भुगतान अटका हो — विभाग ने ख़ुद जो रास्ता बताया है, वह यहाँ है।
- पहले ज़िला मुख्य पशु चिकित्साधिकारी से मिलें। पशुपालन निदेशालय, देहरादून से 0135-2532809 पर संपर्क हो सकता है।
- आगे शिकायत के लिए उत्तराखंड सीएम हेल्पलाइन 1905: cmhelpline.uk.gov.in का इस्तेमाल करें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
अगस्त 2026 में क्या बदला?
मंत्रिमंडल ने गौ पालन योजना सामान्य वर्ग के लिए खोली (पहले सिर्फ़ SC/ST), यूनिट लागत ₹40,000 से बढ़ाकर ₹60,000 की और भैंस को जोड़ा।
मुझे कितना पैसा देना होगा?
SC/ST: ₹6,000 (₹60,000 का 10%)। सामान्य वर्ग: ₹24,000 (₹60,000 का 40%)।
क्या गाय की जगह भैंस मिल सकती है?
हाँ। विस्तारित योजना में गाय और भैंस दोनों शामिल हैं।
कितने किसानों को कवर किया जाएगा?
करीब 2,128 किसान लक्षित हैं, जिन पर अनुमानित खर्च ₹978.12 लाख है।
क्या पशुओं की संख्या की कोई सीमा है?
मंत्रिमंडल की रिपोर्ट में कोई सीमा नहीं बताई गई। प्रति लाभार्थी सीमा ज़िले के पशुपालन कार्यालय से पूछें।
आवेदन कहाँ करें?
रिपोर्ट में किसी आवेदन पोर्टल का नाम नहीं है। अपने ज़िला मुख्य पशु चिकित्साधिकारी के कार्यालय या ahd.uk.gov.in से शुरू करें।
SC/ST परिवारों को अनुदान ज़्यादा क्यों है?
योजना पहले SC/ST परिवारों के लिए बनी थी, जिन्हें 90% सहायता मिलती है; 2026 में जुड़े सामान्य वर्ग को 60% मिलता है।
तथ्य 4 अक्टूबर 2026 को ahd.uk.gov.in से जाँचे गए। संपादकीय नीति.
