IISR Surasa
किसानों की भागीदारी वाले प्रजनन से IISR की 2025 की क्लोन-चयन किस्म, भरे मोटे प्रकंद और हल्का सफ़ेद-पीला गूदा। IISR 24.33 टन/हेक्टेयर ताज़ा देता है और इसे ग्रो-बैग, बोरों और रसोई-बाग के लिए ठीक बताता है।
ज़रूरी तथ्य
- फसल
- अदरक
- प्रकार
- रोपण सामग्री
- सीज़न
- खरीफ़
- पकने की अवधि
- 220 से 240 दिन (IISR); 8 से 9 महीने बाद खुदाई (TNAU)
- बीज दर
- TNAU 1,500 से 1,800 किग्रा बीज-प्रकंद प्रति हेक्टेयर देता है। IISR इस किस्म के लिए अलग बीज-दर नहीं देता।
- अपेक्षित उपज
- औसतन 24.33 टन/हेक्टेयर ताज़ा प्रकंद (IISR)
- उपयुक्त मिट्टी
- दोमट
- जारी
- 2025 में जारी · ICAR-IISR, कोझीकोड, केरल
इस किस्म के बारे में
IISR सुरसा अदरक की किस्म है, जिसे ICAR-IISR कोझीकोड ने क्लोन-चयन से विकसित कर 2025 में जारी किया। IISR की किस्म-तालिका इसे भागीदारी वाले प्रजनन से चुनी किस्म लिखती है। यह केरल के लिए सुझाई गई है और 220 से 240 दिन लेती है। औसत ताज़ा उपज 24.33 टन/हेक्टेयर है। प्रकंद भरे, मोटे और हल्के सफ़ेद-पीले गूदे वाले हैं। रेशा 5.5%, उड़नशील तेल 1.66%, ओलियोरेज़िन 4.45% (तालिका में क्षमता 6.27%), ज़िंजिबरीन 26.18% और सूखी निकासी 21.97% है। IISR कहता है कि यह किस्म पॉलीबैग, प्लास्टिक के बोरों या रसोई-बाग में उगाने के लिए ठीक है।
क्या यह किस्म आपके लिए ठीक है?
ग्रो-बैग, प्लास्टिक के बोरों या रसोई-बाग में अदरक उगानी है, जिसके लिए IISR इसे ठीक बताता है, तो IISR सुरसा चुनिए। IISR इसे 24.33 टन/हेक्टेयर ताज़ा, हल्के सफ़ेद-पीले गूदे वाले भरे मोटे प्रकंद, सूखी अदरक के लिए 21.97% सूखी निकासी, 4.45% ओलियोरेज़िन और 26.18% ज़िंजिबरीन देता है। यह 2025 की किस्म है, जिसका रोग का दर्जा नहीं, केरल के बाहर का कोई राज्य नहीं और खेत की दूरी नहीं, इसलिए अभी इससे बड़ी रोपाई की योजना न बनाइए। ज़्यादा छपे आँकड़ों वाली खेत की फ़सल के लिए महिमा, वरदा या वज्र देखिए।
मुख्य विशेषताएँ
बुवाई और खेती
- बुवाई का समयमई से जून (TNAU)
- बीज दरTNAU 1,500 से 1,800 किग्रा बीज-प्रकंद प्रति हेक्टेयर देता है। IISR इस किस्म के लिए अलग बीज-दर नहीं देता।
- दूरीTNAU: सिंचित फ़सल के लिए मेड़-नाली पर 40 x 20 सेमी; बारानी फ़सल के लिए 20 x 20 या 25 x 25 सेमी की उठी क्यारियाँ।
- उर्वरकTNAU की सलाह यह है। 25 से 30 टन गोबर की खाद प्रति हेक्टेयर और 30 टन हरी पत्तियाँ पलवार के तौर पर तीन बार में दें। साथ में 50 किग्रा P और 25 किग्रा K प्रति हेक्टेयर दें। फिर रोपाई के 45वें और 90वें दिन 37.5 किग्रा N और 12.5 किग्रा K। IISR इस किस्म के लिए अलग मात्रा नहीं देता।
- कटाईTNAU: 8 से 9 महीने बाद, जब पत्तियाँ पीली पड़ने और सूखने लगें, तब खुदाई करें।
मिट्टी और जलवायु
मिट्टी
- उपयुक्त मिट्टी
- भुरभुरी, अच्छी निकासी वाली, ह्यूमस से भरपूर दोमट (TNAU)
जलवायु
- जलवायु
- TNAU: गर्म और नम हालात, लगभग 150 सेमी सालाना बारिश, समुद्र-तल से 1,500 मी तक, नम इलाक़ों में सिंचित फ़सल के तौर पर।
उपज और अवधि
पकने की अवधि
220 से 240 दिन (IISR); 8 से 9 महीने बाद खुदाई (TNAU)
अपेक्षित उपज
औसतन 24.33 टन/हेक्टेयर ताज़ा प्रकंद (IISR)
असली उपज बुवाई के समय, मिट्टी, सिंचाई, मौसम, बीज की गुणवत्ता और फ़सल की देखभाल पर निर्भर करती है।
कीट और रोग संबंधी बातें
फ़ायदे और ध्यान रखने योग्य बातें
किसान इसे क्यों चुन सकते हैं
- IISR इसे पॉलीबैग, प्लास्टिक के बोरों और रसोई-बाग के लिए ठीक बताता है।
- IISR के आँकड़े में 24.33 टन/हेक्टेयर ताज़ा, वरदा, महिमा और रजता से ऊपर।
- सूखी अदरक के लिए 21.97% सूखी निकासी।
ध्यान रखने योग्य बातें
- 2025 की किस्म है, इसलिए खेतों का अनुभव या स्वतंत्र परीक्षण लगभग नहीं है।
- रेशा 5.5% महिमा, वरदा और रजता से ज़्यादा है, और ओलियोरेज़िन सिर्फ़ 4.45%।
- IISR रोग का दर्जा, बैग का आकार या मिट्टी का मिश्रण नहीं देता, और इसे सिर्फ़ केरल के लिए सुझाता है।
उपयुक्त क्षेत्र
IISR इसे केरल के लिए सुझाता है।
- केरल
ग्रो-बैग में सुरसा उगाना: IISR क्या कहता है और क्या छोड़ देता है
IISR की सुरसा पेज में एक पंक्ति है जो अदरक की किसी और पेज में नहीं: यह किस्म पॉलीबैग, प्लास्टिक के बोरों या रसोई-बाग में उगाने के लिए ठीक है। इससे यह उस घर के लिए IISR की अदरक है जो छत या आँगन से थोड़ी ताज़ी अदरक चाहता है।
IISR यह नहीं बताता कि बैग कितना बड़ा हो, मिट्टी का कौन-सा मिश्रण लें, एक बैग में प्रकंद के कितने टुकड़े लगें, या एक बैग कितनी उपज देता है। 24.33 टन/हेक्टेयर खेत का आँकड़ा है और इसे प्रति बैग संख्या में नहीं बदला जा सकता। IISR ने जो हिस्से छोड़े हैं उनके लिए अदरक की TNAU की आम सलाह लीजिए। मैंकोज़ेब या कॉपर ऑक्सीक्लोराइड से उपचारित बीज-प्रकंद, भुरभुरी, अच्छी निकासी वाली ह्यूमस से भरपूर दोमट, रोपाई पर पलवार, और अच्छी निकासी। नरम सड़न मुख्य जोखिम है।
मई से जून की रोपाई के समय कुछ बैग से शुरू कीजिए, खुदाई तक देखते रहिए और वज़न लिख लीजिए। 2025 में जारी किस्म के लिए यह किसी भी छपे आँकड़े से ज़्यादा बताएगा।
क्या इसका बीज अपने पास रख सकते हैं?
अदरक में बीज नहीं बनते, इसलिए इसे प्रकंद के टुकड़ों से उगाते हैं। बीज-प्रकंद साफ़ खेत से रखिए, लगाने से पहले उपचारित कीजिए, और नरम सड़न दिखाने वाले पौधों के प्रकंद न लीजिए।
दूसरी किस्मों से तुलना
अदरक की वे सभी किस्में, जिनका पेज इस साइट पर है, एक साथ देखें। जो किस्म आप अभी देख रहे हैं, उसकी पंक्ति रंग से अलग दिखती है।
| किस्म | किसके लिए ठीक | फल कब से | उपज | राज्य |
|---|---|---|---|---|
| IISR Rejatha | ताज़े या सूखे इस्तेमाल के लिए तेल से भरी, कम रेशे वाली अदरक | 200 दिन (इंडियन हॉर्टिकल्चर 2025); 8 से 9 महीने बाद खुदाई (TNAU) | 22.4 टन/हेक्टेयर ताज़ा प्रकंद (IISR) | केरल, कर्नाटक |
| IISR Surasaयही पेज | केरल के रसोई-बाग और ग्रो-बैग | 220 से 240 दिन (IISR); 8 से 9 महीने बाद खुदाई (TNAU) | औसतन 24.33 टन/हेक्टेयर ताज़ा प्रकंद (IISR) | केरल |
| IISR Vajra | IISR की सबसे ज़्यादा अदरक उपज, तेज़ स्वाद के साथ | 220 से 240 दिन (IISR); 8 से 9 महीने बाद खुदाई (TNAU) | औसतन 26.38 टन/हेक्टेयर ताज़ा प्रकंद (IISR की किस्म-पेज) | केरल, कर्नाटक, ओडिशा, पश्चिम बंगाल |
| IISR Varada | कम रेशे वाली, भरे कंद की अदरक, 20.7% सूखी प्राप्ति के साथ, ताज़ा बेचने और सुखाने, दोनों के लिए | 195–205 दिन | ~225 क्विंटल/हेक्टेयर | कर्नाटक |
| Mahima | जड़-गाँठ सूत्रकृमि की रोधी मानी गई अदरक, मोटे, भरे कंद के साथ, केरल के लिए | 200 दिन | 220–270 क्विंटल/हेक्टेयर (ताज़ा कंद) | केरल |
| Maran | तमिलनाडु और कर्नाटक की पहाड़ियों की तीखी, तेज़ स्वाद वाली अदरक, 29.37 टन/हेक्टेयर के परीक्षण-नतीजे के साथ | 240–270 दिन | मध्यम–उच्च | तमिलनाडु, कर्नाटक |
| Nadia | मेघालय के किसानों की अदरक (इंग बाह), लगभग 24–25 टन/हेक्टेयर, कम रेशा और 22.4% शुष्क पदार्थ | 230–250 दिन | उच्च | मेघालय |
| Rio-de-Janeiro | मोटी, कम रेशे वाली अदरक, ऊँचे तेल (2.31%) और ओलिओरेज़िन (9.06%) के साथ, ताज़े बाज़ार के लिए उगाई जाती है | 220–230 दिन | 200–230 क्विंटल/हेक्टेयर (ताज़ा कंद) | कर्नाटक, केरल, हिमाचल प्रदेश |
| Suprabha | सोंठ बनाने के लिए अदरक: 20.5% सूखी प्राप्ति, 8.9% ओलिओरेज़िन और कम रेशा | लगभग 229 दिन | लगभग 166 क्विंटल/हेक्टेयर (ताज़ा कंद) | केरल, कर्नाटक, ओडिशा |
इस फ़सल के कैलकुलेटर
आगे के हिसाब यहाँ कर लीजिए — कितना बीज ख़रीदें, बोरा अंकुरित होगा या नहीं, खाद का ख़र्च कितना बैठेगा, और अदरक का भाव क्या चल रहा है।
- बीज दर कैलकुलेटरआपके अदरक के खेत के लिए कितना बीज चाहिए — आपके बोरे के अंकुरण के हिसाब से सुधारा हुआ।
- बीज किस्म खोजकइस साइट की हर अदरक किस्म को राज्य, सीज़न, अवधि और मिट्टी से छानिए।
- खाद कैलकुलेटरअदरक की एनपीके सिफ़ारिश को अपने खेत के हिसाब से यूरिया, डीएपी और एमओपी के बोरों में बदलिए।
- फ़सल लाभ कैलकुलेटरबीज, मज़दूरी और लागत को इस किस्म से मिलने वाली उपज के सामने रखकर देखिए।
- मंडी भाव जाँचकव्यापारी से भाव तय करने से पहले अपनी नज़दीकी मंडी में अदरक का आज का रेट देखिए।
सब्सिडी और सरकारी मदद
अदरक के बीज या रोपण सामग्री की लागत में मदद करने वाली योजनाएँ। नियम और आवेदन का तरीक़ा हर योजना के पेज पर है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
सुरसा का एक बैग कितनी अदरक देगा?
IISR नहीं बताता। उसका 24.33 टन/हेक्टेयर खेत की उपज है और प्रति बैग कोई आँकड़ा नहीं देता। पहले मौसम में कुछ बैगों की अपनी उपज तौलिए और उसी को आधार बनाइए।
क्या मैं सुरसा को बैग के साथ खेत में भी उगा सकता हूँ?
हाँ, IISR सुरसा की खेत की उपज 24.33 टन/हेक्टेयर देता है, इसलिए इसे खेत में उगाया जा सकता है। पर IISR इसे सिर्फ़ केरल के लिए सुझाता है और इसके लिए रोग का दर्जा या दूरी नहीं देता। खेत की दूरी के लिए अदरक के TNAU के आम आँकड़े लीजिए।
क्या सुरसा, वज्र से बेहतर है?
IISR के आँकड़ों में नहीं। वज्र ज़्यादा देती है, 26.38 टन/हेक्टेयर जबकि 24.33, ज़्यादा तेल, 2.15% जबकि 1.66%, और किस्म-पेज पर ज़्यादा ओलियोरेज़िन। सुरसा की ख़ास बात ग्रो-बैग और रसोई-बाग के लिए उसका मेल है। दोनों 220 से 240 दिन लेती हैं।
सुरसा को भागीदारी वाले प्रजनन की किस्म क्यों लिखा गया है?
IISR की किस्म-तालिका इसे भागीदारी वाले प्रजनन से चुनी किस्म लिखती है, यानी इसे चुनने में किसान शामिल थे, और उसकी किस्म-पेज क्लोन-चयन कहती है। IISR किसानों या जगह का और ब्योरा नहीं देता।
स्रोत: IISR Surasa (Ginger) — ICAR-Indian Institute of Spices Research, Spice varieties: significant characteristics of ginger varieties — ICAR-IISR (ITM-ABI), Ginger — TNAU Agritech Portal (season, seed rate, spacing, manuring, soft rot). संपादकीय नीति.
